खुद शामली की सडकों पर उतरे एसपी, हॉटस्पॉट सेंटरों का किया निरीक्षण, बैंकों के बाहर लगी महिलाओं की लाईन

शामली। लॉक डाउन में माहे रमजान के दूसरे जुमे की नमाज को सहकुशल संपन्न कराये जाने के लिए मुस्लिम बस्तियों में ड्रॉन कैमरों से निगाहबानी की गई, लेकिन सभी लोग अपने अपने घरो मे ही नमाज पढते मिले। पुलिस अधीक्षक ने स्वयं हॉट स्पॉट सैंटरों का निरीक्षण करते हुए लोगों से घरां में रहकर लॉक डाउन का पालन करने के निर्देश दिये है। उन्होने मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों को भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने, मास्क तथा ग्लाउज को पहनने के निर्देश दिये है।
माहे रमजान के दूसरे जुमे की नमाज लॉक डाउन के चलते घरों में ही अदा की गई। शुक्रवार को कोरोना वायरस को फैलने से बचाव को लगाए गए लॉक डाउन में जुमे की नमाज के प्रति पुलिस प्रशासन मुस्तैद दिखाई दिया। पुलिस प्रशासन ने अधिक सर्तकता बरती। पुलिस अधीक्षक विनीत जयसवाल व जिलाधिकारी जसजीत कौर ने शुक्रवार को जनपद के हॉट स्पॉट क्षेत्रों में पहुंचकर जायजा लिया। इसके अलावा शहर कोतवाली पुलिस ने शहर के पंसारियान, बडी माता मंदिर रोड, दिल्ली रोड, तेमुरशाह, अहमदनगर, मोमिननगर, हाजीपुरा, नाला पटरी, काजीवाडा, आजाद चौक, लौहारीगेट, बरखंडी, कलंदरशाह, में ड्रॉन कैमरे से निगाहबानी करते हुए जांच की गई। ताकि इस दौरान कोई व्यक्ति इकटछठा होकर छतो पर नमाज तो नही पढ रहे है। लेकिन किसी भी मौहल्ले से कोई शिकायत नही पाई गई। सभी लोग घरो मे ही नमाज पढते हुए मिले। शहर के मौहल्ला पंसारियान मे बनाए गए हॉट स्पॉट सैंटर पर तैनात पुलिसकर्मियों से वार्ता करते हुए पुलिस अधीक्षक ने सोशल डिस्टेसिंग का प्रयोग करने तथा मास्क और ग्लाउज पहनने के निर्देश दिये। उन्होने कहा कि कोतवाली प्रभारी द्वारा लगातार पुलिसकर्मियों को मास्क उपलब्ध कराये जायेगे और समय समय पुलिसकर्मियों का मेडिकल परीक्षण भी कराया जायेगा। एसपी का कहना है कि कोरोना के संकमण से बचाव के चलते लोगो को इकटठा होने की इजाजत नही है, जिसके चलते सख्ती अपनाई जा रही है।
शुक्रवार को जनधन खातों से रूपये निकालने आई महिलाओं की बैकों के बाहर लंबी लंबी कतारे लगी रही। तेज धूप व उमस भरी गर्मी में घंटों लाईन में खडे होकर महिलाओं को भारी परेशानियों का सामना करना पड रहा है, लेकिन बैंककर्मी उपभोक्ताओं को किसी भी प्रकार की सुविधा देने के लिए तैयार नही है। बैंक अधिकारियों की उदासीनता के चलते बैंकों के बाहर सोशन डिस्टेंसिंग की धज्जियां उडाई जा रही है, जिससे संक्रमण बीमारी के फैलने का खतरा भी हो सकता है।
देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश में कोरोना महामारी को रोकने के लिए गत 24 मार्च लॉक डाउन लगाया था। जिसके बाद असहाय लोगों की मदद करने के लिए उन्होने आगामी तीन महीनों तक प्रधानमंत्री महिला जनधन खातों में रूपये भेजने का निर्णय लिया था ताकि असहाय लोगों को लॉक डाउन में मदद मिल सके। प्रधानमंत्री जनधन खातों में प्रत्येक माह रूपया आ रहा है, जिसको निकालने के लिए शुक्रवार को बैंकों के बाहर लंबी लंबी लाईने लगी रही। तेज धूप व उमस भरी गर्मी में महिलाओं को कई-कई घंटे खडे होना पड रहा है। ऐसे में कई महिला को तेज गर्मी के कारण चक्कर आने से बीमार भी हुई है। महिलाओं का कहना है कि वह जनधन खातों से रूपये निकालने व राशन कार्ड सहित अन्य कई योजनाओं के लिए फार्म फीस भरने के लिए खडी है। लेकिन बैंक अधिकारियों द्वारा तेज धूप से बचाव को कोई प्रबंधन नही किया गया। तीन से चार घंटे धूप में खडे होकर काफी परेशानी का सामना करना पड रहा है। ऐसे में सोशल डिस्टिंसिंग न होने से भी कोरोना के संक्रमण के फैलने का खतरा भी हो जाता है। उन्होने आला अधिकारियों से मामले में संज्ञान लेकर उपभोक्ताओं को सुविधा दिलाये जाने की मांग की है।

loading…