बिहार विधानसभा में गूंजा सुशांत की मौत का मामला, उठाई गयी ये मांग…

पटना: बिहार विधानमंडल का मानसून सत्र सोमवार को एक दिन के लिए ही हुआ। इसे चार दिनों तक चलना था, लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते सारे काम एक ही दिन में कर लिए गए। कुछ विशेष सत्रों की बात अगर छोड़ दी जाए तो बिहार के विधायी इतिहास में मानसून सत्र के सारे काम पहली बार एक ही दिन पूरे किए गए। सर्वदलीय बैठक में इसपर सहमति पहले ही बन चुकी थी। विधानसभा सत्र शुरू होते ही पक्ष-विपक्ष दोनों ने बॉलीवुड अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत की सीबीआइ जांच की मांग रखी।

विधानसभा में गूंजा सुशांत की मौत का मामला
विधानसभा के मानसून सत्र में आज सुशांत सिंह राजपूत की मौत का मामला गूंजा। इसपर नेता प्रतिपक्ष तेजस्‍वी यादव ने कहा कि सरकार मामले की सीबीआइ जांच को लेकर फैसला करे। सत्‍ता पक्ष से भारतीय जनता पार्टी विधायक नीरज सिंह बबलू ने भी सीबीआइ जांच की मांग रखी। कांग्रेस ने इस मामले में सर्वसम्‍मति से सीबीआइ जांच के प्रस्‍ताव को पारित करने की मांग की। इसे जेडीयू व एलजेपी का भी समर्थन मिला।

कोरोना संक्रमण के कारण एक दिन का सत्र
तकनीकी तौर पर सत्र को चार दिन चलना था। सारे बिजनेस भी तय कर लिए गए, लेकिन कोरोना के बढ़ते संक्रमण (CoronaVirus Infection) को देखते हुए इसे एक दिन में ही खत्म करने पर सहमति बनी। इसी एक दिन के सत्र में बिहार के ज्वलंत मुद्दे बाढ़ और कोरोना के खतरे पर विमर्श निर्धारित था। प्रथम अनुपूरक को भी पारित करना था।

विधानसभा सचिवालय ने सोमवार के लिए कार्यसूची जारी कर दी थी। कार्यवाही पूर्वाह्न 11 बजे से शुरू हुई। इसका प्रारंभ स्पीकर के संबोधन के साथ हुआ। आगे सदस्यों के मनोनयन व समितियों के गठन के बाद प्रभारी मंत्री द्वारा राज्यपाल द्वारा अनुमोदित अध्यादेश की प्रतियों को सदन में रखा गया। समितियों की रिपोर्ट भी प्रस्तुत की गई। आखिर में शोक प्रकाश के बाद सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी जाएगी।

ये भी पढेंः खबरें हटके

big news