• किसान के बेटे का वर्ल्‍ड रिकॉर्ड, 134 मिनट तक लगातार शीर्षासन

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     हरिद्वार। हरिद्वार के देवसंस्कृति विश्वविद्यालय शांतिकुंज में एमएससी के छात्र चंचल सूर्यवंशी ने लगातार 134 मिनट तक शीर्षासन किया। देसंविवि के प्रार्थना सभागार में प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पंड्या और डॉ. ज्ञानेश्वर मिश्र (एमडी) की देखरेख में चंचल ने इस कारनामे को अंजाम दिया। विश्वविद्यालय प्रशासन का दावा है कि यह विश्व रिकार्ड है और जल्द ही गिनीज बुक और लिम्का बुक में नाम दर्ज कराने के लिए दावा किया जाएगा।
     बैतूल (मध्य प्रदेश) के निवासी चंचल के पिता गणपति सूर्यवंशी किसान हैं। चंचल वर्ष 2012 से यहां अध्ययनरत हैं। तब से वह शीर्षासन का अभ्यास कर रहे हैं। पिछले वर्ष अगस्त में इसी विश्वविद्यालय के छात्र आदित्य प्रकाश ने लगातार 90 मिनट तक शीर्षासन किया तो चंचल को इससे प्रेरणा मिली।
     आदित्य का नाम गिनीज बुक के लिए भी भेजा गया था, हालांकि अभी तक इसे दर्ज नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने अभ्यास शुरू कर दिया। चंचल कहते हैं कि बचपन में वह पढ़ाई में औसत थे। इसीलिए याददाश्त बढ़ाने के लिए उन्होंने शतरंज का सहारा लिया और 12वीं के बाद आगे की पढ़ाई के लिए देव संस्कृति विश्वविद्यालय को चुना। यहां उन्हें कुलाधिपति डॉ. प्रणव पंड्या की गीता व ध्यान की कक्षा से प्रेरणा मिली कि युवा कभी हारता नहीं है। डॉ. पंड्या ने बताया कि याददाश्त बढ़ाने के लिए ध्यान एवं योग सर्वोत्तम उपाय है। चंचल विश्वविद्यालय की मैस में बना खाना ही खाते हैं और फास्ट फूड से परहेज रखते हैं। चंचल भविष्य में योग के क्षेत्र में शोधकार्य कर इसे वैज्ञानिक तरीके से जन-जन तक पहुंचाने की तमन्ना रखते हैं। विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पंड्या ने बताया कि शीर्षासन के बाद चिकित्सकों की टीम ने चंचल के स्वास्थ्य की जांच की। वह पूरी तरह स्वस्थ हैं।



    Last Updated On: 2016-11-21 10:06:55