• मुजफ्फरनगर में जाटों ने लठ से की सत्कार की तैयारी तो बीच रास्ते ही वापस लौटे भाजपा सांसद!

    item-thumbnail  मुजफ्फरनगर। जाटों के विरोध के कारण भाजपा सांसद को बैरंग वापस लौटना पड़ा। वह जनपद में एक कार्यक्रम मेें शिरकत करने जा रहे थे। दरअसल, सांसद राजकुमार सैनी को मुजफ्फरनगर में महाराजा सैनी जयंती के उपलक्ष्य पर सैनी समाज के मेधावी छात्र-छात्राओं के अलंकरण समारोह में बतौर मुख्यातिथि शामिल होना था। इसकी भनक जाट संरक्षण समिति को लगी तो सैकड़ोंं जाटोंं ने रास्ते में ही उन्‍हें रोकने के लिए अपना डेरा जमा लिया। इसकी सूचना मिलते ही सांसद को बीच रास्ते से ही लौटना पड़ा और प्रोग्राम में आए लोगोंं को टीवी स्क्रीन पर उनके द्वारा रिकॉर्ड कर भेजे गए भाषण को सुन कर ही संतोष करना पड़ा।
     दरअसल, पिछले 40 साल से 1 जनवरी को सैनी समाज के लोग महाराजा सैनी जयंती मनाते आ रहे हैंं। इस दौरान सैनी समाज के मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया जाता है। इसी के तहत रविवार को एक निजी बैंकट हॉल में समारोह का आयोजन किया गया था। इसमेंं कुरुक्षेत्र लोकसभा सीट से भाजपा सांसद राजकुमार सैनी को बतौर मुख्य अतिथि आना था।  रोड पर जा बैठे राष्ट्रीय जाट संरक्षण समिति के कार्यकर्ता  जैसे ही प्रोग्राम में सांसद राजकुमार सैनी के आने की भनक राष्ट्रीय जाट संरक्षण समिति को लगी तो उसके सैकड़ोंं कार्यकर्ता साथ रोड पर जा बैठे और सांसद के आने का इंतजार करने लगे। इसकी सूूचना मिलते ही भाजपा सांसद वापस लौट गए और अपना भाषण रिकॉर्ड कराकर मुज़फ्फरनगर भेजा।
     राष्ट्रीय जाट संरक्षण समिति के अध्यक्ष विपिन बालियान ने बताया कि राजकुमार सैनी ने जाटोंं को भड़काने का काम किया था, जिस कारण हरियाणा में 32 मौतेंं हुई थींं। उसके यहां कार्यक्रम में आने की सूचना मिलते ही सभी लोग रास्ते में उनका इंतजार कर रहे थे। उसका स्वागत लाठियोंं से किया जाता। उन्‍होंने कहा कि अगर उसकी औकात है तो मुजफ्फरनगर में आकर दिखाए। जाट उसको किसी भी सूरत में नहींं छोड़ेंंगे। वहींं, इस अलंकरण कार्यक्रम के आयोजक व उत्तर प्रदेश सैनी संगठन के अध्यक्ष सुभाष चंद सैनी ने बताया कि सांसद राजकुमार सैनी कुरुक्षेत्र से निकल चुके थे लेकिन उनको प्रशासन ने यहां मामला संवेदनशील होने के चलते रोक दिया था।



    Last Updated On: 03-01-17 09:23:38